सिद्धार्थनगर। “ऑपरेशन कन्विक्शन” के तहत सिद्धार्थनगर पुलिस की प्रभावी पैरवी के बाद नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में न्यायालय ने आरोपी को कठोर कारावास की सजा सुनाई है। विशेष न्यायालय पॉक्सो एक्ट ने आरोपी को विभिन्न धाराओं में कुल 8 वर्ष के कठोर कारावास और 45 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया।
उसका बाजार दुष्कर्म मामले में न्यायालय का फैसला
पुलिस के अनुसार, पुलिस महानिदेशक के निर्देशन में चलाए जा रहे “ऑपरेशन कन्विक्शन” के तहत वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थनगर डॉ. अभिषेक महाजन के निर्देशन में लंबित आपराधिक मामलों में प्रभावी पैरवी कर आरोपियों को सजा दिलाने का अभियान चलाया जा रहा है।
इसी क्रम में 18 अगस्त 2026 को वाद संख्या 86/2017 तथा मुकदमा अपराध संख्या 571/2017 से संबंधित मामले में न्यायालय ASJ/SPL/POCSO, सिद्धार्थनगर ने फैसला सुनाया।
नाबालिग से दुष्कर्म के आरोपी को अलग-अलग धाराओं में सजा
पुलिस के मुताबिक, थाना उसका बाजार में दर्ज मामले में अभियुक्त बलराम साहनी पुत्र फौजदार साहनी को दोषसिद्ध पाए जाने पर न्यायालय ने भारतीय दंड संहिता और पॉक्सो अधिनियम की संबंधित धाराओं में दंडित किया।
न्यायालय ने धारा 376 भादवि के साथ धारा 3/4 पॉक्सो एक्ट के तहत आरोपी को 8 वर्ष के कठोर कारावास और 30 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई। वहीं धारा 366 भादवि में 5 वर्ष के कठोर कारावास और 10 हजार रुपये अर्थदंड तथा धारा 363 भादवि में 3 वर्ष के कठोर कारावास और 5 हजार रुपये अर्थदंड से दंडित किया गया।
पुलिस की प्रभावी पैरवी से मिली सजा
सिद्धार्थनगर पुलिस के अनुसार, मामले में सजा दिलाने में जिला मॉनिटरिंग सेल, अभियोजक पवन कुमार कर पाठक तथा थाना उसका बाजार के न्यायालय पैरोकार हेड कांस्टेबल श्रीनिवास का सराहनीय योगदान रहा।
पुलिस का कहना है कि “ऑपरेशन कन्विक्शन” के तहत गंभीर आपराधिक मामलों में प्रभावी पैरवी के माध्यम से दोषियों को न्यायालय से सजा दिलाने की कार्रवाई लगातार जारी है।







