सिद्धार्थनगर। गंगा-जमुनी तहजीब और आपसी सौहार्द केवल शब्दों में नहीं, बल्कि जमीन पर उतरते भी दिखते हैं। शनिवार को इटवा के माता प्रसाद जायसवाल इण्टर कॉलेज में समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता, इटवा विधायक व नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडेय द्वारा आयोजित रोजा इफ्तार इसी का जीवंत उदाहरण बना।
विधायक माता प्रसाद पाण्डेय की इफ्तार पार्टी
इफ्तार पार्टी केवल एक मजहबी रस्म नहीं, बल्कि एक ऐसा मंच बना जहाँ समाज के हर वर्ग के लोग एक दस्तरख्वान पर नजर आए। वर्तमान समय में जहाँ दूरियां बढ़ रही हैं, नफरत खूब जमकर फैलाया जा रहा है। ऐसे आयोजन क्षेत्र में सामाजिक ताने-बाने को मजबूत करने का काम करते हैं।
राजनीतिक दृष्टिकोण से देखें तो माता प्रसाद पांडेय का यह कदम इटवा विधानसभा क्षेत्र में उनकी गहरी पैठ और हर समुदाय को साथ लेकर चलने की रणनीति को दर्शाता है। माता प्रसाद जायसवाल इण्टर कॉलेज जैसा शिक्षण संस्थान इस आयोजन के लिए चुनना यह बताता है कि युवा पीढ़ी के बीच सद्भाव का संदेश पहुँचाना उनकी पहली प्राथमिकता है।
कार्यक्रम के दौरान विधायक का संबोधन केवल औपचारिक नहीं था। लोगों से सीधे संवाद के जरिए उन्होंने क्षेत्र की समस्याओं और भविष्य की योजनाओं पर भी चर्चा की। अक्सर ऐसी इफ्तार पार्टियां अनौपचारिक बातचीत का जरिया बनती हैं, जहाँ स्थानीय मुद्दों पर चर्चा कर समाधान का रास्ता निकाला जाता है।
इफ्तार पार्टी में क्षेत्र के गणमान्य व्यक्तियों पूर्व लोकसभा प्रत्याशी कुशल तिवारी उर्फ भीष्म शंकर तिवारी, विधायक डुमरियागंज सैयदा खातून, प्रधानाचार्य माता प्रसाद जायसवाल इण्टर रमाकांत द्विवेदी, पूर्व चेयरमैन सिद्धार्थनगर जमील सिद्दी, कमरुज्जमा खान, कमाल अहमद, फजलू खान, पूर्व ब्लक प्रमुख इजहार अहमद, बबलू खान, अब्दुल लतीफ, दिनेश मिश्र, अनूप सिंह, देवेन्द्र प्रताप सिंह, नूर आलम सहित क्षेत्रीय जनता और क्षेत्र के गणमान्य लोगों की मौजूदगी ने यह साफ कर दिया कि इटवा की राजनीति में आज भी आपसी भाईचारा सबसे ऊपर है।